Uttarakhand- वित्त मंत्री से मिली स्वीकृति…….. अब भूमि फर्जीवाड़े में भी एफआईआर दर्ज कर पाएगी एसआईटी

उत्तराखंड राज्य में अब एसआईटी भूमि फर्जीवाडे के मामले में भी एफआईआर दर्ज कर पाएगी। बता दें कि फर्जीवाड़ा की जांच के लिए गठित तीन सदस्यीय स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम मामले में एफआईआर दर्ज कर पाएगी।

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इसके लिए वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल द्वारा स्वीकृति दे दी गई है। बता दे कि एफआईआर दर्ज करने का दायित्व समिति के किसी एक अधिकारी पर न रहकर तोटेशन के आधार पर होगा। उत्तराखंड में आम जनमानस के साथ भूलेखों में छेड़छाड़ करने के मामले सामने आते रहते हैं ऐसे और सामाजिक तत्व इस तरह की गतिविधियों को अंजाम देकर आम जनता की मेहनत की कमाई हड़प लेते हैं इस समस्या के निराकरण के लिए पारदर्शी व्यवस्था के तहत 3 सदस्यीय एसआईटी के गठन और उसके अधिकार निर्धारित किए गए हैं। वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल के अनुसार यह समिति ऐसे हर मामले की जांच करते हुए उनका निस्तारण भी करेगी। एसआईटी द्वारा भूमि अथवा संपत्ति के विलेख पत्रों के पंजीकरण में हुई जालसाजी अथवा कूट रचना के मामलों किसी अन्य व्यक्ति को भूस्वामी अथवा संपत्ति स्वामी दिखाकर जमीन बेचने या किसी अन्य की संपत्ति का अंतरण करने के लिए विलेख पत्र लिखकर धोखाधड़ी से प्रतिफल की राशि प्राप्त करने से संबंधित प्रकरणों की जांच की जाएगी।