
बीते रविवार की शाम को शनि ग्रह सूर्यास्त के बाद पृथ्वी के करीब नज़र आया और यह घटना साल में एक बार होती है। बता दे कि सैटर्न अपोजिशन की इस खगोलीय घटना में सूर्यास्त के साथ पूरब दिशा में उदय हुआ शनि ग्रह रात को तारों की तरह टिमटिमाता हुआ नजर आया। आर्यभट्ट प्रेक्षण विज्ञान शोध संस्थान के वरिष्ठ खगोल वैज्ञानिक डॉ. शशिभूषण पांडे के अनुसार इस वर्ष यह अपोजिशन की खगोलीय घटना थी और इस घटना में सूर्य पृथ्वी तथा शनि ग्रह एक ही सीध में आ जाते हैं और शनि ग्रह पृथ्वी के काफी नजदीक पहुंच जाता है।
बता दे कि सौरमंडल में शनि ग्रह का स्थान छठा है और पृथ्वी से इसकी अधिकतम दूरी 1.64 अरब किलोमीटर रहती है और करीब आने पर यह दूरी घटकर 1.31 अब किलोमीटर हो जाती है। यह समय वैज्ञानिकों के लिए काफी महत्वपूर्ण होता है और अब शनि अगले एक माह तक पृथ्वी के करीब बना रहेगा हालांकि इसकी दूरी रोजाना बढ़ती जाएगी।

