
एस.सी.ई.आर.टी.- देहरादून के तत्वावधान में पाँच दिवसीय दि०- 16 फरवरी से 22 फरवरी 2024 तक आयोजित “नव भारत साक्षरता कार्यक्रम एन. आई. एल. पी. के अन्तर्गत राज्य स्तरीय क्षमता संवर्द्धन एवं सामग्री विकास कार्यशाला का शुभारंभ निदेशक वंदना गर्ब्याल द्वारा दीप प्रज्जवलन के साथ किया गया।
राज्य स्तर पर” उल्लास” थीम के तहत राज्य साक्षरता प्रकोष्ठ एस. सी.एल. के तहत 15 वर्ष से 35 आयुवर्ग के असाक्षर लोगों को सीखने में सहयोग कर उन्हें शैक्षिक विकास की मुख्यधारा में लाना इस कार्यशाला का उद्देश्य है। इसके तहत पहले महिलाओं को असाक्षर से साक्षर की दिशा में लाने हेतु वरीयता प्रदान की जानी है। इस कार्यक्रम के तहत जो लोग विद्यालयों में औपचारिक शिक्षा नहीं ले पाये थे, उन्हें शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना है। एसे लोग शिक्षित तो हैं, पर साक्षर नहीं । इस कार्यशाला में उपस्थित संयुक्त निदेशक महोदया आशा रानी पैन्यूली, शिक्षाविद् डॉ० जी.एस.नयाल द्वारा इस कार्यशाला को सफल बनाने के लिए सभी के द्वारा सहयोग किये जाने की अपील की गयी। कार्यक्रम संयोजक डॉ० हरेन्द्र सिंह अधिकारी द्वारा संचालन के साथ कार्यक्रम की विस्तृत कार्ययोजना सभी प्रतिभागियों के सम्मुख प्रस्तुत की गई। इस कार्यशाला में कृपाल सिंह शीला, जी.एस.गैड़ा प्रवक्ता डायट अल्मोड़ा , डॉ० उमेश चमोला, शिवराज सिंह तड़ागी, उपेन्द्र भट्ट, अनुवर, लक्ष्मी नैथानी, उर्मिला डिमरी, आदि प्रतिभागी प्रतिभाग कर रहे हैं।

