
भारत के पहले सौर मिशन आदित्य एल वन ने तीसरी बार अपनी कक्षा बदल ली है जिसके बाद वह सूर्य के और नजदीक पहुंच गया है। बता दे कि इसकी जानकारी भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन द्वारा साझा की गई है।
इसरो के अनुसार आदित्य एल वन ने तीसरी बार पृथ्वी की कक्षा सफलतापूर्वक बदल ली है और बेंगलुरु में इसरो के टेलीमेट्री, ट्रैकिंग और कमांड नेटवर्क से कक्षा बदलने की प्रक्रिया को निर्देशित किया गया था। आदित्य एल वन के कक्षा बदलने के दौरान उपग्रह को ट्रैक किया गया। इसरो के मुताबिक आदित्य एल वन की नई कक्षा 296 किलोमीटर × 71767 किलोमीटर है और यह वर्तमान समय में जिस कक्ष में है उससे पृथ्वी की न्यूनतम दूरी 296 किलोमीटर और अधिकतम दूरी 71767 किलोमीटर है तथा अगली बार यह मिशन अपनी कक्षा 15 सितंबर को तड़के 2:00 बजे फिर से बदलेगा।

