
देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जलवायु परिवर्तन की ओर ध्यान आकर्षित किया गया। बता दे कि जलवायु परिवर्तन से निपटने और टिकाऊ ऊर्जा प्रणालियों में परिवर्तन की फंडिंग के लिए वैश्विक सहयोग की तत्काल आवश्यकता पर उन्होंने जोर दिया है। बीते शनिवार को जी-20 शिखर सम्मेलन के पहले सत्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए 21वीं सदी की दुनिया में समावेशी ऊर्जा की ओर बढ़ने के खातिर वित्तीय आवश्यकताओं को रेखांकित किया गया। उनका कहना था कि जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए ऊर्जा स्रोतों में बदलाव दुनिया की महत्वपूर्ण आवश्यकता है और समावेशी ऊर्जा की ओर बढ़ने के लिए अरबो डॉलर की आवश्यकता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए 100 अरब डॉलर की प्रतिबद्धता को पूरा करने की इच्छा को लेकर विकसित देशों की सराहना की। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए महिलाओं और लड़कियों को भी आगे आना होगा जी-20 समूह ने जलवायु परिवर्तन के खिलाफ लैंगिक समानता के आधार पर काम करने का फैसला किया है। जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए महिलाओं की भागीदारी और नेतृत्व को बढ़ाने का फैसला भी लिया गया है तथा घोषणा में सभी देशों ने लैंगिक समानता के मूलभूत महत्व को रेखांकित किया है।

