

बागेश्वर । कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को आयोजित जिला सैनिक कल्याण विभाग की त्रैमासिक बैठक में जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे ने विभागीय कार्यों में लापरवाही एवं बिना तैयारी के बैठक में उपस्थित होने पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने सैनिक कल्याण विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के वेतन रोकने के निर्देश दिए तथा कार्यशैली में तत्काल सुधार लाने के लिए सख्त चेतावनी दी।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने जिला सैनिक कल्याण अधिकारी को निर्देशित किया कि भविष्य में बैठक से पूर्व सभी संबंधित विभागों के साथ एजेंडा साझा किया जाए तथा प्रस्तुतिकरण (प्रेजेंटेशन) की गुणवत्ता में सुधार सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को शिकायतकर्ताओं से सीधे संवाद स्थापित करने तथा उनके प्रकरणों की प्रगति की नियमित जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। साथ ही विभाग को प्रत्येक माह आंतरिक बैठक आयोजित कर लंबित प्रकरणों की समीक्षा एवं फॉलोअप सुनिश्चित करने को कहा।
पूर्व सैनिकों की समस्याओं पर चर्चा करते हुए जिलाधिकारी ने भूमि विवाद के कारण लंबित दफौट-तल्ला डोबा तोक सड़क मार्ग प्रकरण के त्वरित समाधान हेतु उप जिलाधिकारी को निर्देशित किया। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि विवाद का निस्तारण होते ही सड़क का एलाइनमेंट फाइनल किया जाए। इसके अतिरिक्त, बागेश्वर स्थित शहीद स्मारक की गरिमा बनाए रखने के लिए अधिशासी अधिकारी को नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
पूर्व सैनिक के भूमि विवाद के प्रकरण में जिलाधिकारी ने एसडीएम गरुड़ को विस्तृत जांच कर आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बैठक में उठाए गए सभी बिंदुओं का नियमित फॉलोअप किया जाए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी एन.एस. नबियाल, सैनिक कल्याण अधिकारी वेद प्रकाश जोशी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं पूर्व सैनिक उपस्थित रहे।

